केंद्रीय सूचना एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने आज 'राष्ट्रीय डिजिटल साक्षरता मिशन' के नए चरण की घोषणा की है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य अगले तीन वर्षों में देश के 5 करोड़ युवाओं को कोडिंग, डेटा विश्लेषण और साइबर सुरक्षा जैसे भविष्य के कौशलों में प्रशिक्षित करना है।
मंत्रालय के अनुसार, यह योजना विशेष रूप से उन युवाओं पर केंद्रित है जो ग्रामीण और पिछड़े इलाकों से आते हैं। सरकार ने इसके लिए देश भर में 10,000 'डिजिटल हब' स्थापित करने का निर्णय लिया है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि, "भारत को दुनिया का कौशल केंद्र बनाना हमारा लक्ष्य है। यह मिशन न केवल युवाओं को रोजगार के लिए तैयार करेगा, बल्कि छोटे शहरों की अर्थव्यवस्था को भी गति प्रदान करेगा।"